बेंगलुरु। कर्नाटक हाईकोर्ट ने साफ किया कि उसने ओला, उबर और रैपिडो जैसी कंपनियों को बाइक टैक्सी सेवा शुरू करने की अनुमति नहीं दी है। अदालत ने कहा कि राज्य सरकार कानून के मुताबिक एग्रीगेटर कंपनियों पर कार्रवाई कर सकती है, लेकिन व्यक्तिगत बाइक मालिकों और राइडर्स को परेशान न किया जाए। सरकार का रुख है कि बिना नियम और लाइसेंस ऐसी सेवाएं अवैध हैं, जबकि कंपनियों ने इस बैन को कोर्ट में चुनौती दी हुई है। मामले की अगली सुनवाई 22 सितंबर को होगी।
हाईकोर्ट बोला- बाइक टैक्सी सेवाएं दोबारा शुरू करने का आदेश नहीं दिया




