भोपाल। हमीदिया अस्पताल परिसर में बुधवार तड़के उस समय हड़कंप मच गया जब मॉर्चुरी के पास पुरानी पानी की टंकी से दो नवजात शिशुओं के अधजले शव बरामद हुए। टंकी लंबे समय से कचरा फेंकने की जगह के रूप में इस्तेमाल हो रही थी। कचरे में लगी आग बुझाने के बाद जब सफाई की गई तो दोनों शव दिखाई दिए।
सूचना मिलते ही पुलिस और अस्पताल प्रशासन मौके पर पहुंचे। एक शव लगभग पूरी तरह जला हुआ था, जबकि दूसरा आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त मिला। पंचनामा के बाद दोनों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है, जिसकी जांच पांच डॉक्टरों की टीम करेगी।
टंकी में अस्पताल की प्लास्टिक बेडशीट और जली पन्नी भी मिली, जिससे आशंका है कि नवजातों को लपेटकर ही कचरे में डाल दिया गया था। यह स्पष्ट नहीं है कि बच्चे पहले से मृत थे या आग में उनकी मौत हुई। इसकी पुष्टि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से होगी।
कोहेफिजा थाना पुलिस अस्पताल के रिकॉर्ड, सीसीटीवी फुटेज और डीएनए सैंपल के आधार पर जांच कर रही है। हालांकि मॉर्चुरी क्षेत्र में लगे कैमरों की क्वालिटी खराब होने से फुटेज साफ नहीं मिल सके हैं।
घटना ने अस्पताल प्रशासन की गंभीर लापरवाही उजागर कर दी है। बायोमेडिकल वेस्ट का निपटान ठीक से नहीं हो रहा और परिसर में सुरक्षा व्यवस्था भी कमजोर पाई गई है।




