गुरुग्राम। असम में वायुसेना के सुखोई-30 लड़ाकू विमान के क्रैश में गुरुग्राम के सेक्टर-22 निवासी स्क्वाड्रन लीडर अनुज वशिष्ठ की मौत हो गई। घर में उनकी शादी की तैयारियां चल रही थीं, हादसे की खबर पहुंचते ही खुशियों का माहौल मातम में बदल गया। असम में वायुसेना का लड़ाकू विमान सुखोई-30 बृहस्पतिवार को क्रैश हो गया। विमान प्रशिक्षण मिशन पर था और जोरहाट हवाई अड्डे से उड़ान भरने के कुछ ही देर बाद लापता हो गया था। तलाशी अभियान के दौरान विमान के असम के कार्बी आंगलोंग इलाके में, जोरहाट से लगभग 60 किलोमीटर दूर क्रैश होने की जानकारी सामने आई। वायुसेना ने दोनों पायलटों स्क्वाड्रन लीडर अनुज वशिष्ठ और फ्लाइट लेफ्टिनेंट पुरवेश दुरगकर की मौत की पुष्टि की है। स्क्वाड्रन लीडर अनुज वशिष्ठ गुरुग्राम के सेक्टर-22 के निवासी थे। उनके पिता आनंद कुमार सेना में सुबेदार रह चुके हैं। रिश्तेदार और हरियाणा पुलिस के सेवानिवृत्त इंस्पेक्टर चंद्रप्रकाश ने बताया कि अनुज ने करीब दस वर्ष पहले भारतीय वायुसेना ज्वाइन की थी। परिवार को उन पर हमेशा गर्व रहा। परिजनों के अनुसार, अनुज की शादी की तैयारी घर में जोर-शोर से चल रही थी। रिश्तेदारों का आना-जाना लगा हुआ था और परिवार के सदस्य शादी की तैयारियों में व्यस्त थे। जल्द ही उनकी शादी होने वाली थी। लेकिन विमान हादसे की खबर मिलते ही पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। बताया जा रहा है कि उड़ान भरने के कुछ ही समय बाद विमान का रडार से संपर्क टूट गया था। फिलहाल वायुसेना की ओर से हादसे के कारणों की जांच की जा रही है।
सुखोई-30 लड़ाकू विमान दुर्घटना में गुरुग्राम के स्क्वाड्रन लीडर अनुज वशिष्ठ शहीद




