गुरुग्राम। चोरी के मामले में गिरफ्तार एक आरोपी ने पुलिस के अस्थायी लॉकअप में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना सामने आते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। मामले की न्यायिक जांच के लिए मजिस्ट्रेट नियुक्त किया गया है और पूरे घटनाक्रम की जांच मानक प्रक्रिया के तहत की जा रही है।
क्राइम ब्रांच फर्रुखनगर की टीम ने गुरुवार को आरोपी आसिफ (22), निवासी रामपुरा, भिवाड़ी (राजस्थान) को गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के बाद उसे अस्थायी लॉकअप में रखा गया था। सर्दी से बचाव के लिए उसे रजाई दी गई थी। शाम के समय आरोपी ने रोशनदान के जंगले में रजाई के कवर को फाड़कर फंदा बनाया और फांसी लगा ली।
पुलिस कर्मियों की नजर पड़ते ही आरोपी को तुरंत फंदे से उतारा गया और अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद वरिष्ठ अधिकारियों को सूचना दी गई और कानूनी प्रक्रिया शुरू की गई। मृतक के परिजनों को भी घटना की जानकारी दे दी गई है। पोस्टमॉर्टम कानून के अनुसार कराया जाएगा।
पुलिस प्रवक्ता संदीप कुमार ने बताया कि लॉकअप में हुई इस घटना की मजिस्ट्रेट स्तर पर जांच कराई जा रही है। सभी पहलुओं की बारीकी से पड़ताल की जा रही है और मानक संचालन प्रक्रिया के अनुसार आगे की कार्रवाई होगी।
पुलिस के मुताबिक, आरोपी के खिलाफ विभिन्न थानों में चोरी के कुल 8 मामले दर्ज थे। इनमें दिल्ली में 1, फरीदाबाद में 3 और गुरुग्राम में 4 केस शामिल हैं। चार मामलों में उसे अदालत से सजा भी मिल चुकी थी।




