गाज़ियाबाद: यूपी के गाजियाबाद जिले के ग्रामीण अभियंत्रण विभाग में एक हैरान करने वाली घटना सामने आई है, जहां 22 अधिकारियों और कर्मचारियों को सजा के रूप में कार्यालय की रंगाई-पुताई करने का आदेश जारी किया गया है. यह पत्र अधिशासी अधिकारी द्वारा जारी किया गया है, जिसमें स्पष्ट रूप से 15 और 16 अक्टूबर 2025 को सभी को कार्यालय की गैलरी में पेंटिंग का काम करने की बात कही गई है.• पत्र की खासियतें और विवरणइस अनोखी कार्रवाई में असिस्टेंट इंजीनियर (AE), जूनियर इंजीनियर (JE) अकाउंट क्लर्क, चपरासी और ड्राइवर तक शामिल हैं. कुल 22 नामों का जिक्र है, जो विभाग के विभिन्न स्तरों के कर्मचारी हैं.पत्र में मुख्य विकास अधिकारी (CDO) गाज़ियाबाद की बैठक और जिला विकास अधिकारी के आदेश का हवाला दिया गया है. यह स्पष्ट नहीं किया गया. आखिर इन कर्मचारियों को यह ‘सजा’ किस गलती या लापरवाही के चलते दी गई है. स्रोतों के अनुसार, यह गोपनीय रिपोर्ट या विभागीय अनियमितताओं से जुड़ा हो सकता है, लेकिन कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है. सभी को 15-16 अक्टूबर को सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक कार्यालय गैलरी में रंगाई-पुताई करनी होगी. यह आदेश ‘सजा’ के रूप में वर्णित है, जो कर्मचारियों के बीच असंतोष पैदा कर रहा है.सोशल मीडिया पर हंगामायह पत्र सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, खासकर X (पूर्व ट्विटर) और फेसबुक पर. कई यूजर्स इसे ‘अनोखी सजा’ बता रहे हैं. विभाग की कार्यशैली पर सवाल उठा रहे हैं. कुछ पोस्ट में लिखा है कि इंजीनियर से चपरासी तक सबको ब्रश थमा दिया! क्या है ये नया ट्रेंड?” हालांकि, अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है.विभागीय सूत्र बताते हैं कि यह CDO की सख्ती का नतीजा है, जो हाल की बैठकों में कार्यालय रखरखाव पर जोर दे रही हैं.
गाज़ियाबाद ग्रामीण अभियंत्रण विभाग, 22 कर्मचारियों को ‘सजा’ के रूप में दी रंगाई-पुताई का जिम्मा




