नई दिल्ली। पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि 1 जनवरी से 28 फरवरी के बीच दिल्ली के रोहिणी में 28 लड़कियों समेत 39 लापता बच्चों को उनके परिवारों से मिलवाया गया है। पुलिस के अनुसार, रोहिणी के अमन विहार, प्रेम नगर, कंझावला, बेगमपुर, केएनके मार्ग, प्रशांत विहार, बुद्ध विहार, उत्तरी रोहिणी और विजय विहार इलाके में बच्चों को उनके परिवारों से मिलवाया गया। पुलिस उपायुक्त (रोहिणी) अमित गोयल ने बताया कि घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस ने लापता और अपहृत बच्चों का पता लगाने के लिए तुरंत व्यापक तलाशी अभियान शुरू किया। उन्होंने बताया कि सैकड़ों सीसीटीवी कैमरों की जांच की गई और अपहृत बच्चों और संदिग्धों की तस्वीरें ऑटो और ई-रिक्शा स्टैंड, बस चालकों और कंडक्टरों को दिखाई गईं, ताकि उनकी गतिविधियों का पता लगाया जा सके। अधिकारी ने बताया कि स्थानीय मुखबिरों को शामिल किया गया और आसपास के पुलिस थानों और अस्पतालों को भी घटना की सूचना दी गई। उन्होंने बताया कि अमन विहार इलाके में 14 से 17 साल की उम्र के बीच की तीन लड़कियों समेत पांच बच्चों को बचाया गया; प्रेम नगर इलाके में 12 से 16 साल की उम्र के बीच की चार लड़कियों समेत छह बच्चों को; कंझावला में 11 से 17 साल की उम्र के बीच की छह लड़कियों समेत सात बच्चों को और बेगमपुर में 11 से 17 साल की उम्र के बीच की दो लड़कियों समेत चार बच्चों को बचाया गया। अधिकारी ने बताया कि केएनके मार्ग इलाके में 15 से 16 साल की उम्र के बीच की एक लड़की समेत दो बच्चों को, प्रशांत विहार में 14 से 15 साल की उम्र के बीच की दो लड़कियों को; बुध विहार में 12 से 17 साल की उम्र के बीच की पांच लड़कियों समेत सात बच्चों को; नॉर्थ रोहिणी में 15 साल की एक लड़की और विजय विहार इलाके में 13 से 16 साल की उम्र के बीच की चार लड़कियों समेत पांच बच्चों को बचाया गया।
2 महीने में 39 लापता बच्चों को पुलिस ने उनके परिवारों से मिलाया




