गाजियाबाद। पश्चिम एशिया में छिड़े महासंग्राम के बाद जिले में पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस की जमाखोरी न होने पाए, इसके लिए जिला प्रशासन द्वारा नजर रखी जा रही है। जिलाधिकारी रविंद्र कुमार मादड़ ने कहा है कि जिले में पेट्रोल, डीजल व रसोई गैस की आपूर्ति में कोई समस्या नही है। कालाबाजारी और जमाखोरी को रोकने के लिए चार टीमें गठित की गई हैं। जमाखोरी करने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। इसके साथ ही इंटरनेट मीडिया पर भी नजर रखी जा रही है, यदि कोई व्यक्ति अफवाह फैलाता है तो उसके खिलाफ भी विधिक कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही इंटरनेट मीडिया पर भी नजर रखी जा रही है, जिससे कि यदि कोई व्यक्ति अफवाह फैलाए तो उस पर कार्रवाई की जाए। लोगों से अपील की गई है कि वह किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें, जिले में पेट्रोल , डीजल और रसोई गैस की किल्लत नही है। सामान्य तरीके से आपूर्ति की जा रही है। गैस की अवैध तरीके से रिफिलिंग करने, कालाबाजारी करने और खुले में पेट्रोल व डीजल की बिक्री पर सख्ती के साथ रोक लगाई गई है। कामर्शियल गैस सिलिंडर की भी आपूर्ति अस्पतालों, शैक्षिक संस्थानों और जेल में जारी है। जिससे कि मरीजों, विद्यार्थियों और बंदियों को भोजन मिलने में किसी प्रकार की समस्या न हो। होटल, रेस्तरां और ढाबों पर अभी कामर्शियल गैस सिलिंडर की आपूर्ति पर रोक है, लोग स्टाक में रखे सिलिंडर का इस्तेमाल कर रहे हैं। होटल और रेस्तरां में कमर्शियल गैस सिलिंडर की आपूर्ति पर रोक जारी है। अभी जिन लोगों के पास स्टाक में सिलेंडर हैं, वह उसका इस्तेमाल कर रहे हैं और उम्मीद जता रहे हैं कि जल्द ही स्थिति सामान्य हो सके। कुछ गैस एजेंसियों पर सोमवार और मंगलवार को लोग बिना बुकिंग कराए ही गैस सिलिंडर लेने के लिए पहुंचे जिससे लाइन भी लगी। लेकिन गैस एजेंसी संचालकों ने उनका समझाकर वापस भेजा कि बिना वजह भीड़ न करें न ही पैनिक फैलाएं, यदि किसी के घर में गैस सिलिंडर खाना बनाने के लिए उपलब्ध नही है तो उसको प्राथमिकता पर रसोई गैस दी जाएगी। जिला पूर्ति अधिकारी अमित तिवारी ने सभी से संयम बरतने की अपील की है। उन्होंने कहा कि यदि किसी व्यक्ति को समस्या है तो वह जिला पूर्ति कार्यालय में आकर संपर्क कर सकता है, उसकी मदद की जाएगी। पेट्रोल पंपों पर भी निगरानी बढ़ा दी गयी है।
पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस की जमाखोरी की तो दर्ज होगी एफआईआर




