गाजियाबाद। गाजियाबाद के मसूरी थाना क्षेत्र में रविवार को एक बच्चे का कंकाल मिला है। माना जा रहा है कि यह कंकाल समयपुर गांव से तीन नवंबर को लापता 11 वर्षीय लविश का है। लविश की मां ने उसी दिन थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई थी। वहीं, लविश के शाम तक घर न लौटने पर परिजनों ने अनहोनी की आशंका जताई थी। मित्र सेन की मृत्यु पहले ही हो चुकी थी। परिवार में पत्नी, बेटा सागर और लविश थे। तीन नवंबर को लविश घर से बाहर खेलने के लिए गया था। जब वह देर शाम तक वापस नहीं लौटा तो उसकी मां ने शिकायत दर्ज कराई थी। रविवार को नूरपुर के पास हवाई रोड के जंगल में एक कंकाल मिला, जिसके पास कुछ कपड़े पड़े हुए थे। वहीं, राहगीरों की सूचना पर मसूरी पुलिस मौके पर पहुंची। वहां जाकर देखा तो एक बच्चे का कंकाल था। पुलिस ने लविश के परिवार को बुलाकर कंकाल की पहचान कराई तो महिला ने कपड़ों से उसकी पहचान अपने पुत्र लविश के रूप में की। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। शव का डीएनए नमूना भी लिया गया है।डीसीपी देहात सुरेंद्रनाथ तिवारी का कहना है कि डीएनए रिपोर्ट से स्पष्ट पता चलेगा कि कंकाल किसका है। हालांकि, परिजनों ने कंकाल की पहचान कपड़ों के आधार पर करने का दावा किया है। जानकारी के अनुसार, लविश के पिता की मृत्यु कैंसर की बीमारी से करीब 10 वर्ष पूर्व हुई थी। लविश के पांच अन्य भाई-बहन हैं।




