गुरुग्राम। दिवाली पर हर कोई पकवानों और मिठाइयों का आनंद लेता है, वहीं किडनी रोगियों के लिए यह समय विशेष सतर्कता बरतने का होता है। खानपान में थोड़ी सी भी लापरवाही किडनी पर अतिरिक्त दबाव डाल सकती है, जिससे मरीज की तबीयत बिगड़ सकती है।निजी अस्पताल में वरिष्ठ नेफ्रोलॉजिस्ट डॉ. जितेंद्र ने कहा कि किडनी के मरीजों को त्योहार के समय नमक, मिठाइयों और तले हुए खाद्य पदार्थों से परहेज करना चाहिए। इन चीजों में सोडियम और चीनी की मात्रा अधिक होती है, जिससे शरीर में पानी रुकने लगता है और ब्लड प्रेशर असंतुलित हो सकता है। इसका सीधा असर किडनी पर पड़ता है।उन्होंने बताया कि दिवाली पर वायु प्रदूषण और पटाखों का धुआं भी किडनी मरीजों के लिए खतरनाक हो सकता है। इससे सांस लेने में तकलीफ और ऑक्सीजन लेवल में गिरावट आ सकती है। ऐसे मरीजों को चाहिए कि वे प्रदूषण से बचाव के उपाय करें और भीड़भाड़ वाले इलाकों से दूरी बनाए रखें।उन्होंने यह भी कहा कि किडनी रोगियों को पर्याप्त मात्रा में पानी पीना चाहिए। कई बार ज्यादा पानी पीना भी नुकसान पहुंचा सकता है। उन्होंने सलाह दी कि दिवाली से पहले अपने खानपान की योजना बना लें। घर पर बनी कम चीनी वाली हेल्दी मिठाइयों का सेवन करें और अपनी नियमित दवाइयों व डायलिसिस का समय बिल्कुल न छोड़ें। उन्होंने कहा कि थोड़ी सी सावधानी और अनुशासन के साथ किडनी रोगी भी दिवाली का आनंद सुरक्षित और खुशहाल तरीके से ले सकते हैं।




