रिपोर्टर : इमरान खान की रिपोर्ट
चुनार। कालका मेल से कल बुधवार हुए दर्दनाक हादसे में छह महिला स्नानार्थियों की मौत के बाद खमरिया गांव समेत पूरे मिर्जापुर में शोक की लहर दौड़ गई। उधर रेल प्रशासन पूरे मामले की जांच के आदेश दिए हैं। वहीं हादसे के बाद लोगों ने रेल प्रशासन पर भी सवाल उठाए हैं। हादसे के दिन दोपहर बाद उत्तर मध्य रेलवे के महाप्रबंधक नरेश पाल सिंह और डीआरएम रजनीश अग्रवाल चुनार स्टेशन पहुंचे। उन्होंने स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर चार का निरीक्षण किया। महाप्रबंधक और मंडल रेल प्रबंधक ने विभिन्न पहलुओं पर निरीक्षण कर अधीनस्थों से हादसे की जानकारी ली। उन्होंने उपरगामी सेतु और प्लेटफार्म का निरीक्षण कर इस घटना की जांच का आदेश दिए। जीएम ने भी घटना की विभागीय जांच के आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा कि जांच के दौरान घटना में यदि किसी की लापरवाही उजगार होती है तो कठोर कार्रवाई की जाएगी। वहीं पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे आयुक्त और आईजी आयुक्त राजेश प्रकाश, आईजी आरपी सिंह ने पोस्टमार्टम हाउस पहुंचकर मृतकों के परिजनों से घटना की जानकारी ली। साथ ही पोस्टमार्टम की प्रक्रिया को जल्द से जल्द पूरा कराने के निर्देश दिए। वहीं डीएम पवन कुमार गंगवार, एसएसपी सोमेन बर्मा, एएसपी सिटी नितेश सिंह, सीओ मड़िहान शिखा भारती समेत अन्य प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी पोस्टमार्टम हाउस पर डटे रहे। तीन डाक्टरों की मौजूदगी में शवों के पोस्टमार्टम किए गए। चुनार स्टेशन से छह शव को जीआरपी ने पोस्टमार्टम हाउस भेजा। यहां पांच शव की पहचान होने के बाद उनका पोस्टमार्टम कराया गया। जबकि एक शव के चिथड़े होने से पहचान नहीं हो पाई है। शव के डीएनए के लिए प्रयोगशाला भेज दिया गया है। डीएनए जांच के आधार पर अज्ञात शव की पहचान कराई जाएगी। पोस्टमार्टम के लिए डा. आशुतोष शुक्ला समेत तीन डाक्टर तैनात किए गए थे। रात लगभग साढ़े सात बजे तक पांच शव का पोस्टमार्टम कराया गया। एतिहात के तौर पर पोस्टमार्टम पर तैनात रही फोर्स पोस्टमार्टम हाउस पर एतिहात के तौर पर पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई थी। शहर कोतवाल नीरज पाठक, कटरा कोतवाल वैद्यनाथ सिंह, राजगढ़ थानाध्यक्ष दयाशंकर ओझा के अलावा कई दरोगा, जीआरपी व आरक्षी सिपाही को तैनात किया गया था। पोस्टमार्टम होने तक फोर्स तैनात रही। वहीं सूचना के अनुसार पांच शवों को लेकर परिजन अपने गांव पहुंच गए हैं और गमहीन माहौल में अंतिम संस्कार कर दिया। पूरे गांव में सन्नाटा पसरा है।




