ग्रेटर नोएडा। समाजवादी पार्टी ने नोएडा में सॉफ्टवेयर इंजीनियर की मौत को लेकर प्रदेश सरकार और प्राधिकरणों को कटघरे में खड़ा कर दिया है। वहीं, अधिकारियों की बड़ी लापरवाही बताने के साथ पार्टी नेताओं ने कहा कि अब इस मामले में लीपापोती शुरू हो गई है। हाईटेक जिला और तीन-तीन औद्योगिक प्राधिकरण होने के बावजूद सौ घंटे बाद भी घटनास्थल पर पानी में डूबी इंजीनियर की कार को नहीं निकाला जा सका है। उन्होंने कहा कि पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव के एक्स पर पोस्ट के बाद ही एसआईटी गठित की गई है। अखिलेश यादव भी जल्द नोएडा आएंगे। पार्टी नेताओं ने इंजीनियर युवराज के परिजनों से उनके आवास पर मिलकर सांत्वना दी। सपा जिलाध्यक्ष सुधीर भाटी ने कहा कि प्राधिकरण में तैनात अधिकारी काम नहीं करना चाहते हैं। इसके बावजूद उन्हें यहां तैनात किया गया है। हादसे के लिए यहां तैनात अधिकारी जिम्मेदार हैं। जिनकी लापरवाही की वजह से एक होनहार इंजीनियर की मौत हुई है। उन्होंने कहा कि तीनों औद्योगिक विकास प्राधिकरण का विकास का दावा खोखला है। घटना के सौ घंटे बाद भी पानी में डूबी कार को बाहर नहीं निकाली पाए, जबकि हादसे की जगह आवंटित प्लाट है। प्राधिकरण के पास इसके मानचित्र की पूरी जानकारी है। अधिकारियों को पता है कि पानी वाली जगह पर कितनी गहराई है। इसके बावजूद लापरवाही दिखाई गई। सपा जिलाध्यक्ष ने कहा कि घटना स्थल पर अधिकारियों की गैर मौजूदगी लापरवाही और असंवेदनशील रवैये को दिखाता है।जिलाध्यक्ष ने कहा कि इस घटना की रिपोर्ट राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को दी जाएगी। जल्द ही वह भी नोएडा आएंगे।




